हिन्दी चिट्ठों का लेखा जोखा

फरवरी 9th, 2005 by जीतेन्द्र

मुझे आप सभी भाइयों को सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि आप सभी भाइयों की सुविधा के लिये हिन्दी चिट्ठो का लेखा जोखा आपके समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है. यदि किसी भाई के चिट्ठों का आंकड़ा गलत है तो मुझे सूचित करें.

साथ ही देबाशीष भाई और अन्य बुजुर्ग लोग बतायें कि इस आंकड़े वाली फाइल को कहाँ पर रखा जाये, और साथ ही कुछ ऐसा किया जा सके कि कोई भी भाई इसको स्वयं अपडेट कर सके.

अभी यह अपने प्रारम्भिक चरण मे है, मुझे आपके सुझावों और आलोचनाओ का इन्तजार रहेगा.

आईडिया मैन का नया आईडिया

फरवरी 4th, 2005 by अतुल

एक मस्त उपयोग और सूझा है वाज्ञ यंत्र का| कैसे संभव होगा मालुम नहीं पर सुझाव देने में क्या जाता है|
रेडियो स्टशन ही बना डालते हैं ईसका| निरंतर पर अलग से एक पेज बना सकते हैं| हर अँक में इस रेडियों के लिए कुछ संतभ जोड़ देते हैं| कुछ सुझाव है

  • दो तीन या ज्यादा ब्लागर भाई टेलीकांफ्रेसिंग का उपयोग करके कोई परिचर्चा रिकार्ड करें| अंतरराष्ट्रीय काल हेतू skype का उपयोग कर सकते हैं|
  • अनूप भैया या रवि भाई जैसे भारत में बसे ब्लागर स्थापित साहित्यकारों से ईंटरव्यू वगैरह लेकर भेज सकते है रेडियो के लिए|
  • हास्य चर्चा
  • कविता पाठ
  • गजल पाठ
  • देवाशीष, पंकज, जीतू ,रवि ,आलोक, रमण, स्वामी जी ,अनूप जी और बाकि भाई लोगो क्या ख्याल है?
    मेरे ख्याल से यह पहला ब्लाग रेडियो होगा| बवाल मचा देगा ब्लाग जगत में अगर ठीक से हो गय| मेरे दिमाग में तो एक विचार यह भी है कि अगर सब कुछ जैसा मैनें प्रस्ताव किया है वैसा हो गया तो मैं ईस फ्लैश फाईल के नीचे निरंतर का लोगो चिपका कर फ्री डाउनलोड के लिए सर्वर पर डाल देता हूँ, ब्लाग रेडियों कैसे बनाये के हिंदी और अंग्रेजी गाईड के साथ| फिर करने दीजिए जनता जनार्दन को डाउनलोड और हिंदी चिठ्ठा जगत का मुफ्त में यशोगान|

    अक्षरग्राम

    फरवरी 3rd, 2005 by पंकज

    भईया लिखा तो अंग्रेजी में है पर लिखा एक दम सही है। किरन जी लिखते हैं

    You know the stories, Tom Edison, Albert Einstein, Bill Gates, Ford, Jobs and Woz, and now Blake Ross. Yeah its total BS. Behind each of those stories thousands of people built the base inventions. Thousands explored the alternatives. When the spark did happen it was thousands, maybe millions who made small incremental contributions not only in the supply, but in shaping demand that made these contributions great.

    और दूसरी बात भी इसी से समबन्धित है जो कि मिंयां फैक्टरीजो लिखते हैं

    open source development is effective because it is patently not about the cult of personality, but rather, the cult of community. I hope that, by the time CivicSpace gets its Wired cover story, they’ll come to realize that it’s not about me or Zack or Neil or Andy or Ankur or anyone else at CivicSpace propoer; it’s about the community and what each of us, altogether, can achieve.

    तो भईया मोरे अक्षरग्राम के पीछे भी बस यही भावना है। हम यूँ ही आगे बढ़ते रहें।

    ताज़ातरीन hi.mo किधर रखी है बंधूऒ?

    फरवरी 3rd, 2005 by ईस्वामी

    यहां waalee हिंदिनी पे wp1.5 के सारे शब्द नही बदल पा रही!
    अगर ये उपर वाली ही नवीनतम है तो नए शब्द जोड के नई वाली किधर चढाऊं ?
    इस के बाबत सही विकि कडी भी बता दो - वक्त जरूरत मेरे वाले परिवर्तन भी लेखे मे डाल दूंगा!

    अनुगूँज का वाद्ययंत्र

    फरवरी 3rd, 2005 by अतुल

    पेश है अनुगूँज को गुँजायमान करने के लिए वाद्ययंत्र| अभी कुछ छोते मोटे सुधार बाकि है| अपनी अपनी ईच्छा सूची टिप्पणियों में संलग्न कर दें| काम पूरा होते ही फाईले अपलोड कर दूँगा|

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